अवैध प्लाटिंग पर मल्टीयूनिट मानचित्र की गुपचुप मंजूरी की साजिश नाकाम, MDDA उपाध्यक्ष ने लगाई रोक

शहर के बीचोबीच सहस्त्रधारा रोड मंदाकनी विहार में लगभग 70 से 80 बीघा जमीन पर अवैध प्लाटिंग पी.सी. ज्वैलर द्वारा कर दी गई है और पी.सी. ज्वैलर का एक प्रतिनिधि जिसका नाम मोहित बुटोला है ने इस पूरी अवैध प्लाटिंग लोगों को झूठ बोलकर कि यहां नक्शे पास हो जाएंगे।और हमारी प्राधिकरण में बात हो गई है। और इसके बाद लोगों ने नक्शा डाला तो वहां से अवैध प्लाटिंग के कारण नक्शा स्वीकृत नही हो पाया। जब लोगों ने इस मोहित बुटोला के नाम के व्यक्ति से बात की और अपना विरोध जताया तो यह बोलता है कि मैं प्राधिकरण में बात कर लंूगा और प्लाट खरीदने वालों से अलग से पैसे की बात करी कि मुझे प्राधिकरण में देना पड़ेगा।

इस व्यक्ति मोहित बुटोला की हिम्मत देखिए इस प्लाटिंग से मात्र 100 से 150 मीटर की दूरी पर प्राधिकरण के सचिव श्री मोहन सिंह वर्निया का निवास भी है। चंूकि बिल्डर को प्राधिकरण से ले-आउट पास कराने में प्राधिकरण के नियमानुसार प्लाटिंग पर नाली, बिजली के पोल, पक्की सड़क व बच्चों के लिए पार्क आदि छोड़ना पड़ता है। इस तरह के प्राॅपर्टी डीलर अवैध प्लाटिंग कर यह कृत्य अधिक पैसा बचाने के लिए करते हैं। ताज्जुब तो यह है कि प्राधिकरण के सेक्टर-6 के जे.ई./ए.ई को भी इस प्रकरण की जानकारी नही है या कोई सैटिंग-गेटिंग का खेल कर दिया है।

अब देखना है कि प्राधिकरण इस अवैध प्लाटिंग पर क्या रूख अपनाता है। इस अवैध प्लाटिंग पर कब ध्वस्तीकरण की कार्यवाही करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *