उत्तराखंड में अगले 24 घंटे बेहद संवेदनशील रहने वाले हैं. राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) ने 7 जिलों के लिए अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी दी है. वहीं, अब तक काशीपुर में सबसे ज्यादा 206 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई है. जबकि, कई स्थानों पर सड़क, बिजली और नदी कटाव की समस्याएं बढ़ीं है. इसके अलावा प्रदेश में अभी भी 107 सड़कें बाधित चल रही हैं.
उत्तराखंड में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो चुका है. इसका असर प्रदेश के ज्यादातर जिलों में दिखाई देने लगा है. पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य में औसतन 52.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है. जबकि, कई स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश रिकॉर्ड हुई है. लगातार हो रही बारिश के कारण प्रदेशभर में 107 सड़कें बंद हैं. कई जिलों में बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई है.
कुछ स्थानों पर नदी कटाव और भूस्खलन जैसी घटनाएं भी सामने आई हैं. इस बीच राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) के सचेत एप पर उत्तराखंड के लिए ‘Extremely Heavy Rain Alert’ यानी अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जिससे प्रशासन की चिंता और बढ़ गई है.

बारिश के बीच कई जिलों से घटनाओं की सूचनाएं भी सामने आई हैं. हरिद्वार जिले में मायापुर क्षेत्र स्थित कोल्हाकर्मी श्मशान घाट के पीछे पहाड़ी से पत्थर गिरने की सूचना मिलने पर एसडीआरएफ, पुलिस और फायर सर्विस की टीम मौके पर पहुंची. प्रारंभिक सूचना में चार लोगों के फंसे होने की आशंका जताई गई थी, लेकिन रेस्क्यू टीम ने सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया.