उत्तराखंड में ऑपरेशन कालनेमि अभियान के तीसरे दिन अलग-अलग थाना क्षेत्रों से साधु संतों के भेष में घूम रहे 34 ढोंगी बाबाओं को दून पुलिस ने गिरफ्तार किया. अभी तक दून पुलिस 3 दिनों में 82 ढोंगी बाबाओं को गिरफ्तार कर चुकी है. उधर, रामनगर में भी 3 संदिग्ध बाबाओं को हिरासत में लिया गया है, जो स्थानीय लोगों को चकमा देकर ठगी करने की फिराक में थे.
बता दें कि देवभूमि में धर्म की आड़ में लोगों की भावनाओं और आस्थाओं से खिलवाड़ करने वाले फर्जी बाबाओं के खिलाफ ऑपरेशन कालनेमि चलाया जा रहा है. ये वही लोग हैं, जो साधु-संतों का भेष धारण कर लोगों को खासकर महिलाओं और युवाओं को भ्रमित करते हैं. फिर उनकी व्यक्तिगत या घरेलू समस्याओं का निदान का प्रलोभन देकर ठगी की घटनाओं को अंजाम देते हैं. ऐसे चिन्हित करते हुए उनके खिलाफ कार्यवाही के निर्देश दिए गए हैं.
उत्तराखंड में भगवा वस्त्र पहनकर आम जनता को धोखा देने वाले फर्जी बाबाओं के खिलाफ पुलिस प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है. जिसके तहत रविवार को रामनगर पुलिस ने भी विभिन्न इलाकों में सर्च ऑपरेशन चलाकर ढोंगी बाबाओं पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है. जिसके तहत तीन संदिग्ध बाबाओं को हिरासत में लिया है, जो स्थानीय लोगों को चकमा देकर ठगी करने की फिराक में थे.
पुलिस ने बताया कि पकड़े गए बाबाओं में से कुछ का संबंध उत्तराखंड से बाहर के राज्यों से है. इन सभी से सघन पूछताछ की जा रही है. पुलिस को कई स्थानों से शिकायतें मिली थीं कि कुछ लोग धार्मिक वेषभूषा पहनकर अंधविश्वास फैला रहे हैं और लोगों को चमत्कारी इलाज, तंत्र-मंत्र और पूजा-पाठ के नाम पर ठग रहे हैं.