उत्तराखंड में होटल और रेस्टोरेंट के बिजली बिल में विशेष छूट देने की तैयारी हो रही है. इसके तहत इन व्यवसायियों को स्मार्ट मीटर लगाने होंगे, जिसके जरिए ऑफ सीजन में व्यवसायियों को फिक्स्ड चार्ज के राहत दी जाएगी.
उत्तराखंड में पर्यटन से जुड़े कारोबारियों, खासकर होटल और रेस्तरां संचालकों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. राज्य में बिजली बिल के बढ़ते बोझ को कम करने के लिए एक नई योजना पर काम किया जा रहा है, जिसके तहत ऑफ सीजन में होटल और रेस्तरां को फिक्स्ड चार्ज में छूट दी जाएगी.
इस कदम का उद्देश्य उन व्यवसायियों को राहत देना है, जिनका कारोबार सर्दियों या ऑफ सीजन के दौरान काफी कम हो जाता है, लेकिन उन्हें बिजली के फिक्स्ड चार्ज का पूरा भुगतान करना पड़ता है. इस योजना को लागू करने की दिशा में उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने अहम फैसला लिया है.
आयोग के अनुसार जो होटल और रेस्तरां संचालक ऑफ सीजन में अपने कुल कनेक्शन लोड का 10 फीसदी या उससे कम बिजली का इस्तेमाल करेंगे, उन्हें फिक्स्ड चार्ज में विशेष छूट दी जाएगी. यह राहत खासतौर पर छोटे और मध्यम स्तर के व्यवसायियों के लिए काफी उपयोगी साबित हो सकती है, जो ऑफ सीजन में या तो सीमित स्तर पर काम करते हैं या पूरी तरह से बंद रहते हैं.
उत्तराखंड सरकार और विद्युत नियामक आयोग की यह पहल पर्यटन आधारित अर्थव्यवस्था को मजबूती देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है. अगर यह योजना सफलतापूर्वक लागू होती है, तो आने वाले समय में अन्य राज्यों में भी इस तरह के मॉडल को अपनाया जा सकता है.
होटल और रेस्तरां संचालकों के लिए यह योजना ऑफ सीजन में आर्थिक संबल प्रदान करने के साथ-साथ उनके व्यवसाय को स्थिरता देने में भी मददगार साबित होगी. इस तरह से यह निर्णय होटल और रेस्तरां संचालकों के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है.